Friday, July 9, 2021

PGDM Ka Full Form क्या होता हैं - पीजीडीएम कोर्स क्या हैं

PGDM Ka Full Form, पीजीडीएम का फुल फॉर्म क्या होता है, पीजीडीएम क्या होता है, पीजीडीएम का अर्थ, पीजीडीएम का मतलब, पीजीडीएम का पूरा नाम, पीजीडीएम क्या है इत्यादि जैसे प्रश्नों के उत्तर आपको इस आर्टिकल में आसानी से मिल जाएंगे। 

क्या आप पीजीडीएम का फुल फार्म या पीजीडीएम से संबंधित किसी भी प्रकार के प्रश्न के उत्तर के लिए हमारे इस ब्लॉग पर आए हैं यदि आप पीजीडीएम से संबंधित किसी भी प्रकार के प्रश्न के उत्तर के लिए हमारे इस ब्लॉग पर आए हैं तो आप बिल्कुल सही जगह आ गए हैं। 

आज इस आर्टिकल में हम पीजीडीएम से संबंधित सभी प्रकार की जानकारियों को देने वाले हैं बस आप हमारे इस आर्टिकल को पूरा पढ़ें। मैं वादा करता हूं हमारा यह आर्टिकल पढ़कर आपके मन में पीजीडीएम से संबंधित जितने भी प्रश्न होंगे आपको उन सारे प्रश्नों के उत्तर मिल जाएंगे, आईये शुरू करते हैं और इसके बारे में डिटेल्स में जानकारी प्राप्त करते हैं-

pgdm-full-form

PGDM Ka Full Form :-

PGDM का फुल फॉर्म "Post Graduate Diploma in Management" होता हैं। इसे हम हिंदी भाषा में 'पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा इन मैनेजमेंट' भी कहते हैं। 

पीजीडीएम भारत में उपस्थित कई संस्थाओं द्वारा कराया जाने वाला 2 साल का एक फुल टाइम मैनेजमेंट कोर्स होता है। पीजीडीएम कोर्स को विभिन्न प्रकार के संस्थाओं द्वारा उनके सिलेबस के आधार पर 4 या 6 सेमेस्टर में पूरा कराया जाता है।


PGDM क्या हैं :-

पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा इन मैनेजमेंट अर्थात पीजीडीएम भारत में उपस्थित विभिन्न प्रकार की संस्थाओं के द्वारा कराया जाने वाला एक फुल टाइम का मैनेजमेंट कोर्स होता है, इस कोर्स को विभिन्न प्रकार के संस्थाओं द्वारा तथा उनके सिलेबस के आधार पर चार या छह सेमेस्टर में पूरा कराया जाता है। 

पीजीडीएम कोर्स के अंदर कारपोरेट कल्चर और बिजनेस (Corporate Culture and Business) के बारे में पढ़ाया जाता है। भारत में जितने भी पीजीडीएम कोर्स कराने वाले संस्थान हैं वें सारे संस्थान AICTE के द्वारा मान्यता प्राप्त होते हैं। 

पीजीडीएम कोर्स तथा पीजीडीएम कोर्स के विषय MBA कोर्स तथा एमबीए कोर्स के विषय लगभग समान ही होते हैं, इन दोनों में बस इतना ही फर्क है कि एमबीए हमें एक डिग्री प्रदान करता है जबकि पीजीडीएम एक पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा कोर्स होता है।

पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन मैनेजमेंट अर्थात पीजीडीएम कोर्स किसी भी विश्वविद्यालय से संबंधित नहीं होते हैं इसलिए इसे डिग्री कोर्स के रूप में नहीं जाना जाता है। 


PGDM कोर्स की समय अवधि (Duration Time) :- 

पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा इन मैनेजमेंट अर्थात पीजीडीएम कोर्स 2 साल का कोर्स होता है। पीजीडीएम कोर्स को विभिन्न प्रकार के संस्थाओं तथा उनके सिलेबस के आधार पर चार या छह सेमेस्टर में पूरा कराया जाता है।

अर्थात इस कोर्स को 4 सेमेस्टर में पूरा कराया जाता है परंतु कभी-कभी इस कोर्स को पूरा कराने में 6 सेमेस्टर भी लग जाते हैं। पीजीडीएम कोर्स की सबसे खास बात यह होती है कि इसका सिलेबस हर चार-पांच साल बाद बदल जाता है। 


PGDM कोर्स की फीस :- 

PGDM कोर्स की कोई एक फिक्स फीस नहीं होती हैं, इस कोर्स की फीस इस बात पर निर्भर करती हैं की आप जिस कॉलेज से इस कोर्स को कर रहे हैं वो कॉलेज कैसा हैं। 

सभी कॉलेजों में इस कोर्स की फीस अलग-अलग होती हैं इसलिए हम इस कोर्स की एक्सेक्ट फीस के बारे में नहीं बता सकते हैं परंतु यदि बात करें इस कोर्स की औसतन फीस की तो इस कोर्स को करने पर आपकी 1 लाख रूपये/साल की दर से फीस लग सकती हैं। 


औसतन फीस - 1 लाख रूपये/साल 

यह इस कोर्स की औसतन फीस हैं, बहुत से कॉलेज या संस्थान ऐसे होते हैं जहां पर इस कोर्स को आप इससे कम दामों में भी कर सकते हैं तथा बहुत से कॉलेज ऐसे भी होते हैं जहां पर इस कोर्स की वार्षिक फीस 1 लाख रूपये से अधिक की भी होती है। 


टॉप 10 पीजीडीएम कॉलेज इन इंडिया :-

वैसे तो भारत में बहुत से ऐसे कॉलेज तथा संस्थान मौजूद है जहां पर पीजीडीएम का कोर्स करवाया जाता है। परंतु आज हम आपको भारत में स्थित 10 ऐसे पीजीडीएम कॉलेज के बारे में बताएंगे जोकि टॉप 10 पीजीडीएम कॉलेज की सूची में आते हैं-

  1. Indian Institute of Management - Bangalore
  2. SP Jain Institute of Management & Research - Mumbai
  3. Xivier's Labaur Relation Institute - Jamshedpur
  4. Management Development Institute - Gurugram
  5. International Management Institute - New Delhi 
  6. Narsee Monjee Of Management Studies - Mumbai 
  7. Faculty of Management Studies - Delhi
  8. Institute of Management Technology - Ghaziabad
  9. International Management Studies - Kolkata
  10. Indian Institute of Foreign Trade - Delhi.

PGDM कोर्स कैसे करें (प्रवेश प्रक्रिया) :- 

पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा इन मैनेजमेंट अर्थात पीजीडीएम के कोर्स को करने के लिए कई सारी प्रवेश परीक्षाएँ (Entrance Exams) करायी जाते हैं। इन प्रवेश परीक्षा में अप्लाई करके तथा इसकी प्रवेश परीक्षा में पास होकर आप पीजीडीएम कोर्स में प्रवेश पा सकते हैं और पीजीडीएम कोर्स की पढ़ाई कर सकते हैं। 

यदि आप पीजीडीएम कोर्स को किसी अच्छे संस्थान अर्थात कॉलेज से करना चाहते हैं तो इसके लिए आपको पीजीडीएम की प्रवेश परीक्षा को पास करना पड़ता है। 



PGDM कोर्स की प्रवेश परीक्षाएं (Entrance Exams) :- 

पीजीडीएम कोर्स की बहुत सी प्रवेश परीक्षाएं होती हैं जिनमें से कुछ के नाम निम्न प्रकार से दिए गए हैं-

  • CAT

  • MAT
  • XAT
  • GMAT
  • IBSAT etc. 
ऊपर पीजीडीएम कोर्स की कुछ प्रवेश परीक्षाओं के नाम दिए गए हैं, इनमें से किसी एक परीक्षा को देकर तथा उसमें पास होकर आप पीजीडीएम कोर्स में प्रवेश पा सकते हैं और उसकी पढ़ाई कर सकते हैं। 

पीजीडीएम कोर्स में प्रतिभाग लेने वाले छात्र कई प्रकार के विषय जैसे-Engineering, Economics, Commerce, Humanities तथा Medicines आदि जैसे ब्रांचेज से हो सकते हैं। 


PGDM कोर्स करने के लिए योग्यता :-

पीजीडीएम कोर्स के लिए जो योग्यताएं मांगी जाती है वह निम्न प्रकार से है- 

  • पीजीडीएम कोर्स को करने वाले उम्मीदवार के पास 10वीं+12वीं कक्षा पूरी करने के बाद कम से कम 3 साल की एक बैचलर डिग्री होनी चाहिए। 
  • पीजीडीएम कोर्स को करने वाले उम्मीदवार की बैचलर डिग्री में कम से कम 50% अंक होने चाहिए। 
  • SC/ST वर्ग के उम्मीदवारों के लिए बैचलर डिग्री में कम से कम 4% अंक होने चाहिए। 5



PGDM कोर्स किस विषय से करें :- 

पीजीडीएम कोर्स में कई सारे विषय होते हैं इस कोर्स को आप इनमें से किसी भी विषय से कर सकते हैं। कुछ लोगों के मन में यह सवाल आता है कि पीजीडीएम का कोर्स किस विषय से करें, किस विषय से इस कोर्स को करने में ज्यादा फायदा होता है? 

दोस्तों पीजीडीएम कोर्स आप उस विषय से करें जिसमें आपको इंटरेस्ट है अर्थात जिस फील्ड में आप अपना करियर बनाना चाहते हैं उसी से संबंधित विषय से आप पीजीडीएम कोर्स को करें। 

जैसे यदि आप फाइनेंस के क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहते हैं तो आप इस कोर्स को फाइनेंस विषय से करें तथा यदि आप एकाउंटिंग के क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहते हैं तो आप इस कोर्स को अकाउंट विषय से करें, अकाउंट के विषय से इस कोर्स को करने के बाद आगे आपको अकाउंट मैनेजर के रूप में जॉब भी मिल सकती है।

 इसी प्रकार से इस कोर्स में और भी बहुत से विषय होते हैं जिनको करके आप उस क्षेत्र में अपना करियर बना सकते हैं। 


PGDM कोर्स के विषय :- 

पीजीडीएम कोर्स के अंदर बहुत से प्रकार के विषय होते हैं, जिनके बारे में आपको नीचे बताया गया है-

  • Accounting 
  • Finance 
  • Marketing 
  • Human Resource 
  • Supply Chain Management 
  • Information Technology 
  • Operation Management etc
यह सारे पीजीडीएम कोर्स के कुछ विषयों के नाम है जिनसे आप पीजीडीएम का कोर्स कर सकते हैं और भविष्य में उसी क्षेत्र में अपना करियर बना सकते हैं। 



PGDM कोर्स के बाद रोजगार के क्षेत्र :- 

पीजीडीएम कोर्स करने के बाद बहुत से ऐसे क्षेत्र हैं जहां पर आप आसानी से जॉब प्राप्त कर सकते हैं, पीजीडीएम कोर्स के बाद आप जिन क्षेत्रों में रोजगार पा सकते हैं उनमें से कुछ के नाम निम्न प्रकार से हैं-

  • Research and Educational Institutes 
  • Blomberg - Mumbai 
  • NITYA Software Solutions Inc - Hyderabad 
  • Lower Grid Corporation of India Ltd
  • Tapi Prestressed Products Ltd - Pune etc. 


PGDM कोर्स के बाद जॉब प्रोफाइल :- 

पीजीडीएम कोर्स के बाद हमारी जॉब प्रोफाइल कुछ इस प्रकार से होती है-

  • Manager 
  • Logistics
  • Tourism Manager
  • Accountant
  • Teachers & Professor
  • Retailing Manager
  • Public Relation Officers
  • Publisher & Columnist
  • Hotel & Catering Manager
  • Sale Purchase Assist Manager
  • Executive Director & Head etc.



MBA और PGDM में अंतर :- 

यदि एमबीए तथा पीजीडीएम कोर्स की बात करें तो यह दोनों कोर्स समान प्रकार के होते हैं परंतु इन दोनों में कुछ अंतर भी होते हैं, एमबीए तथा पीजीडीएम में जो अंतर होते हैं उनमें से कुछ बिंदु निम्न प्रकार से है-


MBA :- 

  • MBA का फुल फॉर्म "Business of Administration" होता हैं। 
  • MBA एक डिग्री कोर्स होता है। 
  • MBA तीन साल का कोर्स होता है जिसमें 6 सेमेस्टर होते हैं। 
  • एमबीए डिग्री कोर्स को अंतरराष्ट्रीय मान्यता प्राप्त है। 


PGDM :- 

  • PGDM का फुल फॉर्म "Post Graduate Diploma in Management" होता हैं। 
  • PGDM एक डिप्लोमा कोर्स होता है। 
  • PGDM दो साल का कोर्स होता है जिसमें 4 सेमेस्टर तथा कभी-कभी 6 सेमेस्टर भी होते हैं। 
  • PGDM डिप्लोमा कोर्स को AICTE द्वारा मान्यता प्राप्त होती है। 



आज आपने क्या सीखा :- 

आज इस आर्टिकल में हमने पीजीडीएम से संबंधित लगभग सभी प्रकार की जानकारियों को प्राप्त किया, इस आर्टिकल में हमने पीजीडीएम का फुल फॉर्म, पीजीडीएम क्या होता है, पीजीडीएम कोर्स की समय अवधि, पीजीडीएम कोर्स करने के लिए योग्यता, पीजीडीएम के बाद रोजगार के क्षेत्र, पीजीडीएम के बाद जॉब प्रोफाइल तथा टॉप 10 पीजीडीएम कॉलेजों के बारे में जानकारी प्राप्त की। 

दोस्तों अगर आपने हमारे इस आर्टिकल को पूरा पढ़ा होगा तो अब तक आपको पीजीडीएम से संबंधित बहुत सी प्रकार की जानकारियां प्राप्त हुई होंगी तथा मैं आशा करता हूं दोस्तों आपको उस प्रश्न का उत्तर भी मिल गया होगा जिसके लिए आप हमारे इस ब्लॉग पर आकर हमारी इस पोस्ट को पढ़ रहे थे।

दोस्तों हमारा यह आर्टिकल pgdm ka full form आपको कैसा लगा हमें नीचे कमेंट करके जरूर बताएं तथा हमारे इस आर्टिकल से संबंधित आपके मन में कोई भी प्रश्न है तो वह भी कमेंट के माध्यम से हमें जरूर बताएं। यदि आप हमारे इस पीजीडीएम से संबंधित आर्टिकल पर हमें कोई सुझाव देना चाहते हैं या आप हमसे संपर्क करना चाहते हैं तो वह भी जरूर बताएं, मुझे आपके फ़ीडबैक का इंतजार रहेगा। 

अगर हमारे द्वारा दी गई यह पीजीडीएम से संबंधित जानकारी आपको अच्छी लगी हो तो इसे अपने दोस्तों के साथ तथा सोशल नेटवर्किंग साइट्स पर भी शेयर करें। इसी प्रकार की ओर नई नई जानकारियों को पाने के लिए आप हमारे इस ब्लॉग www.Hindima.in पर नियमित प्रकार से विजिट करते रहे (धन्यवाद)

No comments:

Post a Comment